हैगर्टी Vs. अकिमोटो: ONE SAMURAI 4 के बेंटमवेट किकबॉक्सिंग वर्ल्ड टाइटल मैच में जीत की 4 कुंजी
ONE बेंटमवेट किकबॉक्सिंग वर्ल्ड चैंपियन जोनाथन “द जनरल” हैगर्टी अपना ताज उस फाइटर के खिलाफ बचाने उतरेंगे, जो कभी खुद इस पर राज कर चुके हैं। ये हैं पूर्व डिविजनल किंग हिरोकी अकिमोटो और मुकाबला ONE SAMURAI 4 का बेहद बहुप्रतीक्षित मेन इवेंट है।
26 पाउंड का गोल्ड दांव पर है और ये बड़ा मुकाबला शनिवार, 17 अक्टूबर को जापान की राजधानी टोक्यो के मशहूर एरियाके एरीना से लाइव प्रसारित होगा। ONE SAMURAI 4, The Inner Circle के मेंबर्स के लिए live.onefc.com पर उपलब्ध होगा।
मॉय थाई के दो डिविजन पर राज करने के बाद हैगर्टी ONE के बैनर तले किकबॉक्सिंग में अजेय रहे हैं। इस ब्रिटिश सुपरस्टार ने रिक्त बेंटमवेट ताज के लिए फैब्रिसियो “वंडर बॉय” एंड्राडे को नॉकआउट किया और फिर दमदार चैलेंजर्स “डीमन ब्लेड” वेई रुई और युकी योज़ा को हराया। अब वो अपने किकबॉक्सिंग बेल्ट की तीसरी डिफेंस उस विरोधी के खिलाफ कर रहे हैं, जिस पर उनकी नजर सालों से थी।
वहीं अकिमोटो ने इस स्तर पर लौटने के लिए कड़ी मेहनत की है। 2022 में पेटटानोंग पेटफर्गस के हाथों बेल्ट गंवाने और लगातार हार के बाद इस जापानी टेक्नीशियन ने फिर से खुद को खड़ा किया। उन्होंने लगातार तीन जीत दर्ज कीं, जिनमें पूर्व बेंटमवेट MMA किंग जॉन “हैंड्स ऑफ स्टोन” लिनेकर, वेई और टाइमू हिसाई शामिल हैं।
दोनों के अलग-अलग स्टाइल इस साल के सबसे बड़े कार्ड्स में से एक पर टैक्टिकल जंग का मंच तैयार करते हैं। आइए जानते हैं वो चार कुंजियां, जो तय करेंगी कि जापान की राजधानी में किसका हाथ ऊपर उठेगा।
#1 हैगर्टी का एंगल बनाते हुए स्टांस बदलना
हैगर्टी का शानदार फुटवर्क उनके खेल की जान है। ऑर्थोडॉक्स और साउथपॉ के बीच स्विच करते हुए 29 साल के ये फाइटर अपने एंगल और टारगेट बदलते रहते हैं और एक ही पैर को ज्यादा देर तक खुला नहीं छोड़ते।
योज़ा ने ONE SAMURAI 1 में ये बात मुश्किल तरीके से सीखी। जापानी स्टार ने अपनी पहचान दर्दनाक काफ किक्स से बनाई थी, लेकिन हैगर्टी ने बड़ी चालाकी से स्टांस बदल-बदलकर उन्हें उलझा दिया, जिससे नुकसान कम हुआ और योज़ा की लय बिगड़ गई।
ये बदलाव सिर्फ बचाव के लिए नहीं थे। साउथपॉ से हैगर्टी बॉडी पर नीज़ लेकर आगे बढ़े, फिर लीड बदलकर लेफ्ट किक्स लगाईं, जिन्हें योज़ा समय रहते पढ़ नहीं पाए।
यही तरीका इस मुकाबले में सीधा काम आ सकता है क्योंकि अकिमोटो भी चॉपिंग लो किक्स पर निर्भर करते हैं। अगर चैंपियन यही गेम प्लान दोहराते हैं तो चैलेंजर अपने मेन स्कोरिंग हथियारों में से एक खो देंगे।
अगर हैगर्टी हर स्टांस स्विच के साथ उन्हें उलझाए रखते हैं तो अकिमोटो पांच राउंड तक ऐसे निशाने के पीछे भागते रह सकते हैं, जो एक जगह टिकता ही नहीं।
#2 अकिमोटो की क्योकुशिन किकिंग वाली विविधता
अकिमोटो ने 8 साल की उम्र में क्योकुशिन कराटे की ट्रेनिंग शुरू की थी और उसकी बुनियाद उनके किक्स के भंडार में साफ दिखती है, जो सिर, बॉडी और पैरों पर हर मुमकिन एंगल से हमला करते हैं।
उनकी राइट राउंड किक गार्ड की छोटी-छोटी जगहों से निकलकर हाथ और पसलियों को चोट पहुंचाती है। नीचे वो सेंटरलाइन से हटकर लीड लेग पर चॉप करते हैं या आगे की तरफ स्विच कर पीछे वाली जांघ को निशाना बनाते हैं।
हिसाई के खिलाफ 34 साल के इस फाइटर ने सिर्फ पहले राउंड में 14 जोरदार राइट बॉडी किक्स लगाईं, जिसने उस कड़ी विभाजित निर्णय की जीत का माहौल तय कर दिया।
यही विविधता हैगर्टी की मूवमेंट का सीधा जवाब देती है। निचले हिस्से पर लगी किक्स विरोधी के पैरों और स्टैमिना को खत्म करती हैं और कई एंगल से हमला करने का मतलब है कि कोई भी स्टांस स्विच हर खतरे से नहीं बचा सकता। जब भी अंग्रेज फाइटर साउथपॉ में जाते हैं, उनका लिवर वाला हिस्सा अकिमोटो की राइट किक के लिए खुल जाता है।
अगर जापानी चैलेंजर शुरू में ही हैगर्टी की रफ्तार धीमी कर देते हैं तो चैंपियनशिप राउंड्स में चैंपियन का फुटवर्क अपनी धार खो सकता है।
#3 हैगर्टी की बेहतरीन हेड किक्स
हैगर्टी ने मॉय थाई विरासत अपनी मशहूर टीप और तीखी एल्बोज़ पर खड़ी की थी।
किकबॉक्सिंग नियमों में उनकी बॉक्सिंग सबसे आगे रही है, लेकिन अब वो अपने दमदार पंचों के पीछे राउंड किक्स भी लगाते हैं। जब विरोधी उनके राइट हैंड पर ध्यान लगाए रहते हैं तो उनका गार्ड शिन के लिए रास्ता खोल देता है।
इसी हथियार ने ONE Fight Night 16 में एंड्राडे के अंत की शुरुआत की थी, जहां कॉम्बिनेशन के बीच लगी जोरदार हेड किक ने उनके करियर की सबसे शानदार फिनिश में से एक की नींव रखी। ONE 171 में वेई के खिलाफ लंदन के इस फाइटर ने इस पर फिर भरोसा किया और हेड किक्स लगाकर एक तकनीकी मुकाबले पर पकड़ बना ली।
अकिमोटो का बॉक्सिंग डिफेंस बहुत अच्छा है और उनकी ठोड़ी मजबूत है। लेकिन पंचों से बचने पर जरूरत से ज्यादा ध्यान देने से वो ऊपर की तरफ कमजोर पड़ जाते हैं।
अगर “द जनरल” चैलेंजर का गार्ड नीचे खींचने में कामयाब हो जाते हैं तो एक अच्छी तरह छुपाई गई हेड किक पल भर में फाइट का अंत कर सकती है।
#4 अकिमोटो का काउंटर नी अटैक
दबाव में अकिमोटो का संयम उनकी सबसे बड़ी ताकत में से एक है। जब विरोधी आगे दौड़ते हैं तो वो ठीक उसी पल बीच से नीज़ लगाते हैं, जब वो हमला करने का फैसला करते हैं। इससे उन्हें ब्लॉक करने या बचने का मौका ही नहीं मिलता।
ये तेज रिफ्लेक्सेज प्रमोशन में उनके शुरुआती दिनों से ही खेल का हिस्सा रही हैं। ONE 172 में टोक्यो के इस स्ट्राइकर ने दूसरे राउंड के आखिर में बीच से एक नी लगाई, जिससे लिनेकर को चोट पहुंची और ये मुकाबले के सबसे यादगार पलों में से एक बन गया।
ये हथियार हिसाई के खिलाफ भी लौटा, जब अकिमोटो ने आखिरी राउंड में काउंटर नीज़ और किक्स से वापसी करते हुए कंट्रोल अपने हाथ में ले लिया।
हैगर्टी जब भी फिनिश आता देखते हैं, आगे बढ़ते हैं और अकिमोटो का मानना है कि यही आक्रामकता उनके लिए चैंपियन को रोकने का दरवाजा खोल सकती है। हर कॉम्बिनेशन बीच में रोकने वाली नीज़ के लिए तुरंत निशाना बन जाता है।
अगर हैगर्टी अपनी स्ट्राइक्स में जरूरत से ज्यादा आगे बढ़ जाते हैं तो अकिमोटो उस गलती की सजा उस फिनिश से दे सकते हैं, जिसकी उन्हें 17 अक्टूबर को बेल्ट वापस जापान ले जाने के लिए जरूरत है।