‘खतरनाक, तेज और डरावने’ – The Inner Circle 35 में वांग जनगुआंग की कड़ी चुनौती के लिए तैयार प्राजनचाई
12 महीने तक रिंग से दूर रहने के बाद अब ONE स्ट्रॉवेट मॉय थाई वर्ल्ड चैंपियन प्राजनचाई पोंगसुफान पीके वापसी कर रहे हैं।
थाई सुपरस्टार का सामना पूर्व ONE वर्ल्ड टाइटल चैलेंजर वांग “द वॉरियर” जुनगुआंग से में The Inner Circle 35 के स्ट्रॉवेट किकबॉक्सिंग मैच में होगा। उनका ये मेन इवेंट मुकाबला और कार्ड के बाकी मैच इस शुक्रवार, 16 अक्टूबर को बैंकॉक के ऐतिहासिक लुम्पिनी स्टेडियम से live.onefc.com पर सब्सक्राइबर्स के लिए स्ट्रीम किए जाएंगे।
प्राजनचाई पिछले साल अक्टूबर में ONE Fight Night 36 में जोनाथन डी बैला के खिलाफ ONE स्ट्रॉवेट किकबॉक्सिंग वर्ल्ड टाइटल यूनिफिकेशन रीमैच में सर्वसम्मत निर्णय से हारने के बाद से एक्शन से दूर रहे हैं।
उस हार से पहले PK Saenchai Muay Thai Gym के स्टार लगातार ने 6-0 का शानदार रिकॉर्ड बनाया था, जिसमें डी बैला पर जीत और सैम-ए गैयानघादाओ व जोसेफ लसीरी के खिलाफ दमदार नॉकआउट शामिल थे।
अपने जीवन के ज्यादातर समय मुकाबले करने वाले और 344 जीत दर्ज कर चुके इस अनुभवी फाइटर के लिए पूरी तरह फिट होकर वापसी करना लंबा और चुनौतीपूर्ण सफर साबित हुआ। हालांकि 32 वर्षीय स्टार ने कभी अपने लक्ष्य से नजरें नहीं हटाईं।
प्राजनचाई ने onefc.com को बताया:
“जब मैं मुकाबलों से दूर था, तब भी पूरे समय ट्रेनिंग करता रहा। लेकिन जब हमारे पास कोई फाइट तय नहीं थी, उसी दौरान मेरी उंगली की सर्जरी का समय भी आ गया। जब दोबारा फाइट्स तय होने लगीं तो मुझे और भी लंबे समय तक आराम करना पड़ा। लेकिन अब मैं पूरी तरह ठीक हो चुका हूं। मेरी चोट अब पूरी तरह ठीक हो गई है।”

चोट की परेशानियों को पीछे छोड़कर और ट्रेनिंग कैंप में पूरी मेहनत के साथ जुटने के बाद उन्होंने अपना ध्यान अगले काम पर लगाया।
वांग मार्शल आर्ट्स के सबसे बड़े स्टेज पर अपनी दूसरी पारी को यादगार बनाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। 30-7 के रिकॉर्ड वाले 31 वर्षीय फाइटर के पास पूर्व दो खेलों के चैंपियन के खिलाफ अपनी वापसी का ऐलान करने का शानदार मौका है। वहीं प्राजनचाई ने भी अपने प्रतिद्वंदी के बारे में पूरी तैयारी कर रखी है।
32 वर्षीय थाई स्टार ने कहा:
“मैंने वांग जनगुआंग के पुराने मुकाबलों की क्लिप्स देखी हैं। मैंने सैम-ए के खिलाफ उनकी फाइट देखी। बहुत से लोगों को लगता है कि मेरे लिए ये आसान जीत होगी। लेकिन हकीकत में ऐसा बिल्कुल नहीं है।
“वो एक खतरनाक, तेज और डरावने फाइटर हैं। वो निश्चित रूप से आसान [प्रतिद्वंदी] नहीं हैं। अगर मुश्किल के स्तर को एक से दस के पैमाने पर आंकना हो तो मैं उन्हें आठ अंक दूंगा। बाकी सभी को ये आसान लग सकता है, लेकिन ये बिल्कुल भी आसान नहीं होने वाला।”
इस सम्मान की एक वजह मुकाबले के नियम भी हैं। वांग ने अपने करियर का ज्यादातर हिस्सा किकबॉक्सिंग में बिताया है और वो थाईलैंड की राजधानी में अपने इस अनुभव का पूरा फायदा उठाना चाहेंगे।
हालांकि प्राजनचाई भी इस फॉर्मेट से अनजान नहीं हैं क्योंकि वो खुद भी ONE स्ट्रॉवेट किकबॉक्सिंग वर्ल्ड चैंपियन रह चुके हैं।
इसके बावजूद The Inner Circle 35 में जीत हासिल करने की उनकी जबरदस्त इच्छा के साथ-साथ एक साल की दूरी ने थाई सुपरस्टार को दुनिया के सबसे बड़े मार्शल आर्ट्स संगठन में फाइट नाइट के खास माहौल की अहमियत का नए सिरे से अहसास कराया है।
उन्होंने कहा:
“मैंने वांग जनगुआंग का सामना करने के लिए हर चीज की तैयारी की है – पंच, किक्स और नी स्ट्राइक्स। अब देखना होगा कि मुकाबला किस तरह आगे बढ़ता है। जीत हो या हार, यही इस खेल का नेचर है।
“सबसे बढ़कर जब मैं दूर था तो मुझे बॉक्सिंग रिंग के माहौल की बहुत याद आती थी। मुझे फैंस की वो आवाजें याद आती हैं, जब वो मेरा नाम पुकारते हैं।”

प्राजनचाई ने अलिफ के खिलाफ वर्ल्ड टाइटल यूनिफिकेशन पर अपनी राय दी
फिलहाल प्राजनचाई पोंगसुफान पीके का पूरा ध्यान The Inner Circle 35 पर है, लेकिन फैंस इसके बाद अंतरिम टाइटल विजेता अलिफ सोर डेचापैन के खिलाफ ONE स्ट्रॉवेट मॉय थाई वर्ल्ड टाइटल यूनिफिकेशन मुकाबला देखना चाहते हैं।
हालांकि लंबे समय तक रिंग से दूर रहने का असर सचमुच पड़ता है और थाई स्ट्राइकिंग मास्टर के पास पहले किकबॉक्सिंग मुकाबला करने की एक स्पष्ट वजह है।
उन्होंने कहा:
“मैंने पहले किकबॉक्सिंग करने का फैसला इसलिए लिया क्योंकि अगर आप पूरे एक साल तक मुकाबलों से दूर रहते हैं और फिर किसी ऐसे फाइटर के खिलाफ वापसी करते हैं, जो लगातार मुकाबले लड़ रहा है तो आपके जीतने का कोई रास्ता नहीं है, भले ही आप जीनियस हों।
“मैं अपनी शारीरिक स्थिति को परखना चाहता हूं और देखना चाहता हूं कि क्या मैं सच में अपने टाइटल को डिफेंड करने के लिए तैयार हूं। अगर मैं कड़ी ट्रेनिंग करूं और मेरी शारीरिक स्थिति अच्छी हो तो रिंग में उतरना मजेदार होगा और फैंस भी इसका आनंद उठाएंगे।”
दुर्भाग्य से हर कोई उनकी योजना को इस नजरिए से नहीं देख रहा है। हालांकि, टाइटल यूनिफिकेशन मुकाबला अभी तक तय नहीं हुआ है इसलिए कुछ लोगों ने अटकलें लगाई हैं कि वो युवा थाई-मलेशियाई धाकड़ फाइटर से बच रहे हैं, जिन्होंने सैम-ए को पांचवें राउंड में शानदार नॉकआउट से हराकर 26 पाउंड की गोल्ड बेल्ट अपने नाम की थी।
इन बेबुनियाद चर्चा को बढ़ने देने के बजाय उन्होंने बिना समय गंवाए सच्चाई साफ कर दी।
प्राजनचाई ने अंत में कहा:
“हम निश्चित रूप से मुकाबला करेंगे। वो दिन आखिरकार जरूर आएगा। सवाल सिर्फ ये है कि कब क्योंकि किसी को भी पक्के तौर पर नहीं पता। सब कुछ किस्मत और सही समय व दिन पर निर्भर करता है, लेकिन हमारा आमना-सामना निश्चित रूप से होगा।”
