मॉय थाई

कैसे मॉय थाई ने क्रिस शॉ की जिंदगी बर्बाद होने से बचाई

स्कॉटलैंड के क्रिस शॉ एक ऐसी जिंदगी जी रहे थे जो उन्हें जेल तक पहुंचा सकती थी लेकिन जबसे उन्होंने मॉय थाई को अपनाया उनकी जिंदगी ने एक नया मोड़ ले लिया था।

29 वर्षीय मॉय थाई वर्ल्ड चैंपियन जो कुछ दिन बाद ही ONE: FIRE AND FURY में रोडलैक पी.के. साइन्चेमॉयथाईजिम के साथ मुकाबले के साथ ही अपना ONE Super Series डेब्यू करने वाले हैं। उन्होंने माना कि उन्हें खुद अंदाजा नहीं है कि कितने मुश्किल सफर से होकर वो यहाँ आए हैं लेकिन अब वो दुनिया के बेस्ट मार्शल आर्टिस्ट्स के खिलाफ खुद को साबित करने के लिए तैयार हैं।

शुक्रवार, 31 जनवरी को फिलीपींस की राजधानी मनीला में अपने मैच से पहले उन्होंने बताया कि किस तरह उन्हें बुरी किस्मत से बचाया गया और मुश्किलों भरे सफर पर कैसे चले।

कानून का उल्लंघन

ONE Super Series bantamweight Chris Shaw

शॉ, स्कॉटलैंड के सबसे बड़े शहर ग्लासगो से पश्चिम में स्थित रेन्फ्रू में पले-बढ़े हैं और अपने माता-पिता और बहन के साथ जीवन व्यतीत किया है।

उनकी वित्तीय हालत ज्यादा अच्छी नहीं थी, उनके पिता पाइप-फिटिंग का काम करते थे और उनकी माँ क्लीनर हुआ करती थीं। इस दौरान उन्हें एक दर्दनाक घटना से गुजरना पड़ा जिसने सब कुछ बदलकर रख दिया।

उन्होंने बताया, “जब मैं छोटा था तो मुझे दोस्तों के साथ फुटबॉल खेलना बहुत पसंद था। ये सब फुटबॉल और रेंजर्स से संबंधित था।”

“माता-पिता के अलग होने के बाद मुझे काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ा। मैं गलियों में इधर-उधर घूमता रहता था और जल्द ही पुलिस की नजरों में भी आने लगा, पुलिस से मुसीबत असल में और भी बढ़ने लगी।

“स्ट्रीट्स पर गैंग फाइटिंग जैसी चीजों में शामिल हो चुका था। मैं पागल था, पहले समय को याद कर मैं बहुत बुरा महसूस करता हूँ कि ये सब मैंने क्या किया। वाकई में वो बहुत बुरा समय था।”

जब वो 16 साल के थे तो शॉ ड्रग्स के ज्यादा सेवन के कारण उनके एक दोस्त की मौत हो गई थी लेकिन ये उनकी जिंदगी को बदलने के लिए काफी नहीं था। हालांकि उन्होंने ट्रेनिंग जरूर शुरू कर दी और साथ ही थोड़ी कमाई भी कर सकें लेकिन उन्हें सही दिशा में आगे बढ़ने के लिए संघर्ष करना पड़ रहा था।

उन्होंने माना, “वो सब मेरे जीवन में बदलाव के लिए काफी नहीं था।”

“मेरी मानसिकता ये थी कि मैंने जो सब किया है मुझे उससे कोई मतलब नहीं है, मुझे किसी और से कोई मतलब नहीं था। मैं अपने मन मुताबिक काम करना चाहता था और किसी की नहीं सुनता था।”

चेतावनी के कारण हुए बदलाव

Posted by Chris Shaw on Saturday, December 30, 2017

करीब 18 साल की उम्र में शॉ की मुलाकात एक लड़की से हुई जो अब उनकी पत्नी हैं जिनका नाम पेज है। उन्होंने शॉ को जिंदगी में एक नई दिशा दिखाने की कोशिश की। इसके बावजूद वो अपनी पुरानी जिंदगी जीना चाहते थे लेकिन पेज को वो सब स्वीकार्य नहीं था।

उन्होंने बताया, “पेज ने मुझे चेतावनी दी और कहा कि यदि मैंने ये सब करना बंद नहीं किया तो वो मुझे छोड़कर चली जाएंगी।”

आखिरकार उन्हें एक वजह मिल चुकी थी जिससे वो वीकेंड में ड्रिंक और ड्रग्स वाली जिंदगी को अंतिम रूप दे सकते थे। उन्होंने बुरी चीजों को अपनी जिंदगी से बाहर निकाल फेंका और जब एक दोस्त ने उनसे मॉय थाई ट्रेनिंग का सुझाव दिया तो वो पूरी तरह उसमें व्यस्त रहने लगे।

मॉय थाई वर्ल्ड चैंपियन ने कहा, “उन चीजों का इस तरीके से खत्म होना अजीब था। उन्होंने मुझे चेतावनी दी और मैं जो सब चीजें पहले कर रहा था वो सब मैंने बंद कर दीं। कुछ हफ्ते बाद ही मैंने थाई बॉक्सिंग की ट्रेनिंग शुरू की।”

“ये समझना अजीब था कि जिंदगी कैसे आगे बढ़ती है। मैं ये नहीं कह रहा कि मेरी देखभाल के लिए कोई हमेशा वहाँ मौजूद था लेकिन इसने मेरी जिंदगी को एक नया रूप दिया। मैंने पूरा समय थाई बॉक्सिंग को देना शुरू कर दिया और इससे मेरी जिंदगी को अनुशासन मिला।

“पेज जब भी कुछ बताती तो मैं उसे ध्यान से सुनता और फिर थाई बॉक्सिंग वो चीज रही जिसने मुझमें बदलाव लाए थे। इस सबसे मुझे बड़े बदलावों का एहसास हुआ और एक अच्छा इंसान बनने में भी मदद की।”

शुरुआत में ये सब चुनौतीपूर्ण रहा। करीब 6 हफ़्तों की ट्रेनिंग के बाद शॉ को एहसास होने लगा कि स्ट्रीट पर लड़ाई का अनुभव रिंग में उनके काम नहीं आने वाला है लेकिन उन्हें एक नया लक्ष्य मिल चुका था और उसके बाद से उन्होंने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा।

जिंदगी बर्बाद होने से बची

Posted by Chris Shaw on Sunday, March 12, 2017

शॉ मॉय थाई के लिए प्रतिबद्ध हो चुके थे, उनकी जिंदगी में बहुत तेजी से बदलाव आने लगे लेकिन और सब कुछ खोने से बहुत दूर थे।

अपने माता-पिता के नियमों को ना मानने का नतीजा ये निकला कि 16 साल की उम्र में उन्हें घर से निकाल दिया गया। इसका मतलब ये था कि उनके पास घर नहीं था और वो अपने दोस्तों के घर समय बिताते थे।

परिवार से दूर और सिर पर छत ना होना बहुत कठिन था, उन्हें एक दोस्त के माता-पिता ने अपने साथ रहने की अनुमति दी और इसी दौर ने उन्हें और भी खराब स्थिति में जाने से बचाया।

उन्होंने बताया, “मेरी शादी में कैनी बेस्ट मैन थे लेकिन असल में उस पहले हम ज्यादा करीब नहीं थे।”

“उन्होंने मुझे अपने घर में रहने की अनुमति दी और इसके बाद कैनी और उनके परिवार से मेरी नजदीकियां बढ़ने लगीं। मेरे पास ज्यादा पैसे नहीं थे लेकिन वो बहुत अच्छे थे और उन्होंने मुझे पैसे समेत सभी चीजों की मदद की।”

लोकल गवर्नमेंट की सहायता से शॉ को कुछ समय बाद खुद का फ्लैट मिला और उनकी सलाह को माना भी। जिंदगी स्थिर हो चुकी थी, आसपास का माहौल अच्छा था और मॉय थाई के होने से वो बहुत खुश थे। आखिरकार उन्होंने अपने परिवार को दिखाया कि वो कितना बदल चुके हैं और एक बार फिर अपने संबंध उनके साथ मजबूत किए।

उन्होंने आगे बताया, “समय बीतने के साथ थाई बॉक्सिंग और अन्य चीजें, मुझे एक बार फिर अपने परिवार का साथ मिल चुका था और सब कुछ ठीक था।”

टॉप पर पहुंचने का लंबा सफर

Posted by Chris Shaw on Monday, May 7, 2018

पहली हार के बाद शॉ के मार्शल आर्ट्स करियर ने एक नया मोड़ लेना शुरू किया। इस हार ने उन्हें दोगुनी ट्रेनिंग लेने के लिए प्रेरित किया जिसका नतीजा ये निकला कि उन्होंने एमेच्योर लेवल पर लगातार 10 जीत दर्ज कीं और ये सभी स्टॉपेज से आई थीं।

उन्होंने कहा, “थाई बॉक्सिंग ने मुझे मेहनती बनाया, मैं सप्ताह के सातों दिन कड़ी ट्रेनिंग करता था। मैं इसी रफ़्तार से आगे बढ़ता रहा और अब आखिरकार इसका फल मुझे मिल रहा है।”

कड़ी मेहनत कर वो पहले स्कॉटलैंड के नंबर-1 मार्शल आर्टिस्ट, फिर यूनाइटेड किंगडम के और फिर वर्ल्ड चैंपियन भी बने।

अब वो दुनिया के टॉप लेवल एथलीट्स के खिलाफ खुद को साबित कर रहे हैं जिनमें खतरनाक थाई एथलीट भी शामिल हैं। 29 वर्षीय स्टार की नजरें फिलहाल वर्ल्ड टाइटल पर टिकी हुई हैं। इतनी सफलता मिलने के बाद भी उन्हें विश्वास नहीं हो रहा है कि इतने लंबे और कठिन सफर के बाद वो यहाँ पहुंचने में सफल रहे हैं।

“अगर आप मुझसे 10 साल पहले ये कहते कि जैसी मैं अभी जिंदगी जी रही हूं, वैसी लाइफ होगी, तो मैं यकीन नहीं करता। आप मुझसे कहते कि आप एक बड़ी कंपनी को साइन करेंगे, तो मैं कहता कि आपका दिमाग ठिकाने पर नहीं है।”

“यदि थाई बॉक्सिंग और मेरी पत्नी नहीं होतीं तो पता नहीं आज मैं कहाँ होता, शायद जेल में!”

“ONE बहुत बड़ी कंपनी है जहाँ आपको दुनिया के बेस्ट एथलीट्स के साथ रिंग साझा करने का मौका मिलता है। यदि आप ONE में फाइट कर रहे हैं तो जरूर आप कड़ी मेहनत कर यहाँ पहुंचे हैं। अब मैं केवल अच्छे मुकाबले के साथ जीत की उम्मीद कर रहा हूँ और लगातार जी दर्ज करते हुए ONE वर्ल्ड टाइटल शॉट हासिल करना चाहता हूँ जिससे मेरी जिंदगी बदल सकती है।”

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मनीला | 31 जनवरी | ONE: FIRE & FURY | टिकेट्सयहां क्लिक करें  

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