निको कैरिलो ने ONE अंतरिम फेदरवेट वर्ल्ड चैंपियन बनकर सपना पूरा किया – ‘इसके बारे में लंबे समय से सोचा था’
स्कॉटिश नॉकआउट आर्टिस्ट निको “किंग ऑफ द नॉर्थ” कैरिलो ने ONE वर्ल्ड चैंपियन बनने के सपने को साकार कर लिया है।
14 फरवरी को बैंकॉक के लुम्पिनी स्टेडियम में हुए ONE Fight Night 40 के को-मेन इवेंट में 27 वर्षीय स्टार ने थाई एथलीट शैडो माविन को पांच राउंड तक छकाया और सर्वसम्मत निर्णय से जीत हासिल करते हए ONE अंतरिम फेदरवेट मॉय थाई वर्ल्ड टाइटल जीता।
शैडो ने लेग किक्स और पंचों के दम पर अच्छी शुरुआत पर स्कॉटिश एथलीट को परेशान किया। लेकिन जैसे-जैस राउंड आगे बढ़ते गए, कैरिलो ने लय पानी शुरु कर दी। उन्होंने 26 वर्षीय थाई स्टार को ताकतवर पंचों और लगातार आगे बढ़कर परेशान किया।
काफी समय से कैरिलो ने ONE Championship बेल्ट जीतने का सपना देखा था और अब सालों की मेहनत और दृढ़ इच्छाशक्ति के दम पर उन्होंने ये मुकाम हासिल कर लिया है।
जीत के बाद बात करते हुए कैरिलो ने बताया:
“ये बहुत अच्छा लग रहा है। अब ये सच लग रहा है। मैंने इसके बारे में इतने लंबे समय से सोचा था तो ये सपना पूरा होते देख बहुत अच्छा लग रहा है।”
कई वर्षों के बलिदान, ट्रेनिंग और विफलताओं का फल उन्हें लुम्पिनी स्टेडियम में हासिल हुआ।
शैडो के खिलाफ कैरिलो के गेम प्लान ने दिखाया कि दुनिया के सबसे बड़े मार्शल आर्ट्स संगठन में शामिल होने के बाद से उनकी फाइट आईक्यू में कितना इजाफा हुआ है।
“किंग ऑफ द नॉर्थ” ने मैच को लेकर अपने प्लान के बारे में बताया:
“गेम प्लान था कि चोट पहुंचाओ और हटो व शैडो को मेरी टांग पर अटैक न करने दो। हमें पता था कि पूरी फाइट में उनका मेन फोकस यही रहेगा। उन्होंने सबसे पहले लो किक मारी और मैं वहां था ही नहीं। हमें पहले से पता था कि वो यही करेंगे। हम जानते थे कि वो लो किक लगाने की कोशिश करेंगे और फिर अपने आम तरीके से किक करते रहेंगे। मुझे पता था कि जब मैं पंचिंग रेंज में आऊं तो एल्बोज़ से बचकर रहना होगा।
“मेरा फोकस था कि सीधे फिनिश के पीछे न जाऊं। अगर मौका मिला तो मिला। लेकिन हमने पांच राउंड के लिए ट्रेनिंग की थी। जैसा आपने देखा, मेरी कंडीशनिंग कमाल की थी। मैंने पहले कभी पांच राउंड इतनी मेहनत से नहीं लड़ा और उतना फ्रेश भी नहीं रहा। मेरे जितनी कोई ट्रेनिंग नहीं करता।”
अपने खेल का शानदार अमल करने के अलावा कैरिलो के मन में शैडो की मजबूती को लेकर सम्मान काफी बढ़ गया है।
थाई सनसनी ने शुरुआत से अंत तक लेकर अटैक झेले, उनकी जगह कोई और होता तो शायद कब का हार मान चुका होता। लेकिन वो अंत तक डटे रहे।
कैरिलो ने शैडो के बारे में कहा:
“मैं वाकई काफी हैरान था। मुझे लगता है उन्होंने सच में 100% कोशिश की कि मेरे साथ खड़े रहें। मैं उनको दाद देता हूं। एक इंसान के तौर पर मुझे हमेशा से वो पसंद रहे हैं और वो एक बेहतरीन इंसान हैं। लेकिन अब एक फाइटर के तौर पर मुझे लगता है वो बेहद सख्त और मजबूत हैं।”
कैरिलो का ध्यान वर्तमान पर, तवनचाई के खिलाफ यूनिफिकेशन बाउट का रहेगा इंतजार
निको कैरिलो को अब भविष्य में मौजूदा ONE फेदरवेट मॉय थाई वर्ल्ड चैंपियन तवनचाई पीके साइन्चाई के खिलाफ मैच करना है, जो कि चोट से उबर रहे हैं।
ये मुकाबला स्कॉटिश स्टार के करियर का सबसे अहम मैच होगा और इसमें जीत से साबित हो जाएगा कि वो दुनिया के सर्वश्रेष्ठ फेदरवेट मॉय थाई फाइटर हैं।
हालांकि, अभी इस मैच को लेकर उनका ध्यान नहीं है।
उन्होंने कहा:
“मैंने इसके बारे में नहीं सोचा। मेरा ध्यान उस पर नहीं था। मेरा फोकस सिर्फ शैडो पर था।”
शैडो के लिए शनिवार को आई खिताबी जीत निजी तौर पर भी काफी अहम है। उनके साथ बैंकॉक में पत्नी भी आईं और कैरिलो सालों पहले किए वादे को पूरा करने में सफल रहे।
कैरिलो ने इस खास वादे के बारे में बताया:
“ये मेरा सपना था कि मेरी पत्नी यहां हों। मैंने अपनी पत्नी से कहा था कि एक दिन मैं उन्हें उनकी नौकरी से आज़ाद कर दूंगा ताकि उन्हें और काम न करना पड़े। और आज वो सपना पूरा हो गया।”
